शिक्षा का महत्व पर कहानी Story on importance of education in hindi

Story on importance of education in hindi

दोस्तों कैसे हैं आप सभी,दोस्तों आज का हमारा आर्टिकल शिक्षा का महत्व पर कहानी आप सभी के लिए बहुत ही हेल्पफुल है. दोस्तों हम सभी को समझना चाहिए कि शिक्षा हमारी मूलभूत आवश्यकता है शिक्षा के बगैर एक व्यक्ति पशु के समान होता है शिक्षा से ही इंसान को ज्ञान प्राप्त होता है और उसको सही और गलत समझने की क्षमता आती है इसलिए हर एक इंसान को शिक्षा का महत्व समझकर उचित शिक्षा प्राप्त करना चाहिए तो चलिए पढ़ते हैं शिक्षा के महत्व पर लिखी हमारी आज की इस कहानी को

Story on importance of education in hindi
Story on importance of education in hindi

कुछ समय पहले दो भाई एक गांव में रहते थे एक का नाम राधेश्याम और दूसरे का नाम सीताराम था उन दोनों के मां-बाप ने उन्हें नजदीक के ही स्कूल में दाखिला दिलवाया.सीताराम बहुत ही समझदार था वह अपने मां बाप के कहने पर रोजाना स्कूल जाता, अच्छी तरह पढ़ाई करता लेकिन राधेश्याम पढ़ाई करना बिल्कुल भी पसंद नहीं करता था वह सिर्फ दिन भर खेलता ही रहता था सीताराम बहुत ही अच्छी तरह से पढ़ाई करता था जिससे स्कूल के सभी अध्यापक उसकी तारीफ किया करते थे.

राधेश्याम चौथी क्लास तक पास हुआ और पांचवी क्लास में फेल हो गया था क्योंकि उसको कुछ भी नहीं आता था उसको हिंदी भी पढ़ना बिल्कुल भी नहीं आता था क्योंकि पढ़ाई में उसका बिल्कुल भी ध्यान नहीं था. मां बाप राधेश्याम को खूब डांट फटकार लगाते थे लेकिन राधेश्याम जो था वह अपनी हरकतों से बाज नहीं आता था वह पढ़ाई के बहाने गांव के बच्चों के साथ दिन भर खेलता रहता था आगे चलकर जब वह पांचवी क्लास में फेल हुआ तो उसके मां-बाप ने स्कूल से उसका नाम हटवा दिया और मजबूरी वस उसे एक होटल पर काम करने के लिए लगवा दिया.

Related-नैतिक शिक्षा पर कहानी Naitik shiksha story in hindi

सीताराम अपने स्कूल में बहुत ही अच्छी तरह से पढ़ाई करता था धीरे-धीरे वह हर क्लास में पास होता चला गया हर कोई उसकी तारीफ करता.इधर सीताराम ने 12वीं क्लास पास कर लिया था उसने और भी आगे तक पढ़ाई की और एक बड़ा इंजीनियर बन गया.इधर उसका भाई राधेश्याम हिंदी भी नहीं पढ़ पाता था जिस वजह से वह कोई ढंग का काम भी नहीं कर पाता था उसे कोई दुकान वाला भी अपने यहां पर नहीं रखता था वह चौराहे पर खड़ा हो जाता और मजदूरी की तलाश करता.

वह अपने जीवन में बहुत ही दुखी था उसको पढ़ाई ना करने का बेहद अफसोस था लेकिन अब उम्र भी उसकी बहुत हो चुकी थी अब बेचारा पढ़ाई करता भी कैसे लेकिन उसे पढ़ाई का महत्व समझ में आ गया था. 25 साल का होने के बावजूद भी उसने हिंदी पढ़ना सीखा उसने अपने यहां पर एक अध्यापक रखा क्योंकि वह पढ़ाई का महत्व समझ चुका था.

दोस्तों वाकई में हमारे जीवन में पढ़ाई का बहुत ही महत्व है अगर आपको हमारा आर्टिकल Story on importance of education in hindi पसंद आए तो इसे शेयर जरूर करें और हमारा Facebook पेज लाइक करना ना भूलें और हमें कमेंटस के जरिए बताएं कि आपको यह आर्टिकल कैसा लगा

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *