साम्प्रदायिकता पर विचार और कविता quotes and poem on sampradayikta in hindi

quotes and poem on sampradayikta in hindi

किसी सम्प्रदाय द्वारा अपने संप्रदाय को उच्च समझना और दूसरे संप्रदाय को अपने से नीचे समझना ही संप्रदायिकता कहलाता है। सांप्रदायिकता हमारे लिए, हमारे समाज के लिए और हमारे देश के लिए सबसे खतरनाक हो सकती है। आज हमारे देश में कई धर्मों,जाति और भाषाओं के लोग रहते हैं। अगर हम उन्हें भाई-बंधु समझकर उनके साथ मिलजुलकर रहेंगे तो देश राष्ट्रीय एकता का प्रतीक होगा लेकिन अगर हम इस संप्रदायिकता की वजह से लड़ते झगड़ते रहेंगे तो वास्तव में हमारे देश में जन धन की हानि होगी।

हमें इस संप्रदायिकता से दूर रहना चाहिए इसके दुष्परिणामों के बारे में सोचना चाहिए और हमें एक अच्छा इंसान बनकर देश के विकास में सहयोग करना चाहिए। आज हमने सांप्रदायिकता पर कुछ अनमोल विचार और एक कविता लिखी है आप इन्हें जरूर पढ़ें तो चलिये पढ़ते है आज के इस आर्टिकल को

quotes and poem on sampradayikta in hindi
quotes and poem on sampradayikta in hindi

 

quotes on sampradayikta in hindi

  1. हमें कभी भी अपने संप्रदाय को ऊंचा और दूसरे के संप्रदाय को नीचा नहीं समझना चाहिए
  2. इस संप्रदायिकता से केवल जन धन की हानि होती है
  3. संप्रदायिकता की भावना देश की राष्ट्रीय एकता को खंडित करती है
  4. हमें सभी संप्रदाय के लोगों की इज्जत करना चाहिए और एक साथ मिलकर भाई-बंधु बनकर रहना चाहिए
  5. संप्रदायिकता की भावना एक इंसान के अंदर का एक ऐसा जहर है जो जितना बढ़ता जाता है उतना ही ज्यादा नुकसान होता है
  6. हमें संप्रदायिकता से दूर रहना चाहिए और सबसे पहले एक अच्छा इंसान बनने की कोशिश करनी चाहिए
  7. संप्रदायिकता देश को विभाजित करने की भावना हो सकती है

sampradayikta poems in hindi

सांप्रदायिकता राष्ट्रीय एकता के लिए खतरा है

यह जीवन के लिए खतरा है

मानवता का यह दुश्मन

यह हमारी खुशियों के लिए खतरा है

 

ना रखो संप्रदायिकता की भावना

तुम तो रखो संप्रदायिक सद्भावना

मिल जुलकर एक साथ तुम रहो

अब तो रखो राष्ट्रीयता की भावना

 

दुख में तुम क्यों डूबना चाहते हो

देश को अलग-अलग क्यों करना चाहते हो

सांप्रदायिकता राष्ट्रीय एकता के लिए खतरा है य

ह जीवन के लिए खतरा है

दोस्तों अगर आपको हमारे द्वारा लिखा गया ये आर्टिकल  quotes and poem on sampradayikta in hindi पसंद आए तो इसे अपने दोस्तों में शेयर करना ना भूले इसे शेयर जरूर करें और हमारा Facebook पेज लाइक करना ना भूलें और हमें कमेंटस के जरिए बताएं कि आपको हमारा यह आर्टिकल कैसा लगा जिससे नए नए आर्टिकल लिखने प्रति हमें प्रोत्साहन मिल सके और इसी तरह के नए-नए आर्टिकल को सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए हमें सब्सक्राइब जरूर करें जिससे हमारे द्वारा लिखी कोई भी पोस्ट आप पढना भूल ना पाए.

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *