आम के पेड़ की आत्मकथा पर निबंध Aam ke ped ki atmakatha essay in hindi

Aam ke ped ki atmakatha essay in hindi

दोस्तों कैसे आप सभी, दोस्तों आज हम आपके लिए लाए हैं आम के पेड़ पर हमारे द्वारा लिखी आत्मकथा हमारे द्वारा लिखा ये आर्टिकल एक काल्पनिक आर्टिकल हैं चलिए पढ़ते हैं आज के इस आर्टिकल को

Aam ke ped ki atmakatha essay in hindi
Aam ke ped ki atmakatha essay in hindi

मैं एक आम का पेड़ हूं मैं एक गांव में किसान की बगिया के बीच में हूं किसान मुझे देखकर बहुत ही खुश होता है क्योंकि मैं उसे मीठे मीठे फल देता हूं। वह मेरी देखभाल भी विशेष रूप से करता है क्योंकि अक्सर मेरे मीठे मीठे आम खाने के लिए आसपास के बच्चे बगिया में प्रवेश करके आ जाते हैं और मेरे मीठे मीठे आम के स्वाद का लुफ्त उठाते हैं किसान हर रोज उन बच्चों को भगाने का प्रयत्न करता है लेकिन मेरे आम का स्वाद उन बच्चों को बार बार मेरी ओर खींच लाता है।

यहां तक कि मेरे स्वाद को चखने के लिए नौजवान और बड़े लोग भी उस बगिया में प्रवेश करने से नहीं डरते क्योंकि उन्हें तो सिर्फ मेरे आमो का स्वाद दिख रहा होता है। लोग कहते हैं कि मैं फलों का राजा हूं बहुत ही स्वादिष्ट हूं सभी का पसंदीदा हूं मेरी और भी प्रजातियां हैं लोगों ने उन्हें अलग अलग नाम दिए हैं जैसे कि लंगड़ा, दशहरी।

सभी की अपनी-अपनी पसंद है मुझ आम को लोग पवित्र मानते हैं आम के वृक्ष की पूजा करते हैं, मेरे पत्तों को त्योहार पावन के अवसर पर द्वार पर लगाते हैं जिससे घर पवित्र हो जाता है। मेरे फलों या पत्तो का उपयोग पूजन की सामग्री में भी किया जाता है मैं वास्तव में बहुत ही खुशनसीब हूं कि मैं इतना उपयोगी हु। किसान मेरे फलों को बेचता भी है और अपने घर की जीविका चलाता है.

किसान मुझे देखकर बहुत ही खुश होता है मुझे अभी तक वह दिन याद हैं जब मैं एक छोटा सा वृक्ष हुआ करता था किसान मेरा बहुत ही ख्याल रखता था, मुझमे समय समय पर पानी डालता था उसने मुझे जानवरों, पशु पक्षियों से बचाने के लिए चारों और सुरक्षा का घेरा सा डाल दिया था। मैं धीरे-धीरे बड़ा हो गया हूं अब मुझे कोई खतरा तो नहीं है लेकिन बच्चे, बूढ़े, नौजवान सभी मेरे फलों को खाने के लिए किसान की बगिया में प्रवेश करते हैं इससे किसान काफी क्रोधित भी होता है।

मेरे फलों को शहरवासी खाना बहुत ही पसंद करते हैं उन्हें मुझे खरीदने के लिए काफी कीमत भी चुकानी पड़ती है तभी वह मेरा स्वाद ले पाते हैं ज्यादातर लोगों को मैं बहुत पसंद हूं लोग मेरे स्वाद के दीवाने हैं, कई लोग मेरे आम का जूस निकालकर भी मेरा स्वाद लेते हैं। जब भी किसी के घर मेहमान आते हैं तो कई लोग मेरे आमो को प्रस्तुत करके उनका स्वागत चखते हैं वास्तव में मैं बहुत ही खुश हूं कि मैं लोगों के काम आता हूं हर एक व्यक्ति मेरी प्रशंसा करता है मैं फलों का राजा हूं मुझे लोग पवित्र मानते हैं।

मैं कुछ समय बाद भले ही बूढ़ा हो जाऊंगा लेकिन मुझे खुशी होगी कि मैं अपने मालिक के लिए और लोगों के लिए बहुत कुछ कर गया, उन्हें कुछ पल की खुशी दे गया, उनके होठों पर मुस्कान ला गया। मुझे देखकर या मेरे फलों को देखकर हर किसी के चेहरे पर मुस्कान आ जाती है यही मेरे लिए काफी खुशी की बात है।

दोस्तों हमारे इस आर्टिकल Aam ke ped ki atmakatha essay in hindi को शेयर करना ना भूले.

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *