साइकिल की आत्मकथा हिंदी निबंध Cycle ki atmakatha in hindi

Cycle ki atmakatha in hindi

दोस्तों कैसे हैं आप सभी, दोस्तों आज हम आपके लिए लाए हैं साइकिल की आत्मकथा पर लिखित हमारे द्वारा यह काल्पनिक आर्टिकल तो चलिए पढ़ते हैं आज के इस आर्टिकल को।

Cycle ki atmakatha in hindi
Cycle ki atmakatha in hindi

मैं एक साइकिल हूं मेरे दो पहिए हैं लोग अक्सर मुझ पर सवारी करके एक स्थान से दूसरे स्थान तक जाते हैं। मैं लोगों के लिए बहुत ही उपयोगी हूं क्योंकि लोग मेरे द्वारा एक स्थान से दूसरे स्थान तक तो पहुंचते ही हैं साथ में वह साइकिल चलाते हैं तो उनकी एक्सरसाइज भी होती है। मैं मोटर बाइक की तरह पेट्रोल, डीजल नहीं मांगती मैं तो बस सवारी करने वाले का सहयोग मांगती हूं और उसकी थोड़ी सी कसरत करवा देती हूं जिससे मैं अपनी सवारी के साथ अपने मार्ग पर चल पड़ती हू। आजकल के जमाने में भले ही लोग मोटरसाइकिल चलाना अधिक पसंद करते हैं लेकिन आज भी मुझे चलाने वाले प्रेमियों की कमी नहीं है। गांव से लेकर शहर तक कई लोग मुझे चलाना पसंद करते हैं छोटे बच्चे सबसे पहले मुझको चलाना सीखते हैं। मैं बहुत ही खुश हूं कि मैं लोगों को जल्दी ही उनके स्थान विशेष पर पहुंचा देती हूं और उनका कोई खर्चा भी नहीं करबाती मुझे बहुत ही अच्छा लगता है कि मैं सभी के लिए बहुत ही उपयोगी हू।

स्कूलों में विद्यार्थियों को साइकिल बांटी जाती हैं जिससे वह अपने गांव मोहल्ले से मुझपर सवारी करके अपने स्कूल तक आए इन्हीं साइकिलों में से एक मे थी मुझे एक लड़की को दे दिया गया था वह लड़की अपने गांव से रोज-रोज सुबह अपने स्कूल आती और स्कूल के बाहर मुझे रखकर अपनी पढ़ाई करने के लिए क्लास रूम में चली जाती। दोपहर के समय वह वापस मेरे साथ अपने घर आ जाती वह मेरा बहुत ही ख्याल रखती, सुबह सुबह मेरी सफाई करती। अगर कोई उसकी सहेली जिसको कहीं जाना हो वह मुझे यानी साइकिल मांगने आती तो वह मुझे ना देती क्योंकि वह मेरा बहुत ही ख्याल रखती थी वास्तव में, मैं साइकिल वहां पर उसके साथ रहती तो मुझे बहुत ही अच्छा लगता मेरे जीवन की आत्मकथा बस यही है।

मैं दूसरों की सेवा करती हूं एक स्थान से दूसरे स्थान तक बिना किसी का कोई खर्चा किए पहुंचा देती हू और साथ में उनका व्यायाम भी करवा देती हु। सभी बच्चे मुझे देख कर बहुत ही खुश होते हैं। आजकल बहुत सारे वाहन जिनसे निकलने वाला धुआं पर्यावरण को प्रदूषित करता है लेकिन मैं वास्तव में बहुत खुश हूं कि मैं पर्यावरण को किसी भी तरह से नुकसान नहीं पहुंचाती और हर किसी की मदद करती हूं मुझे अपने आपपर गर्व है कि मैं साइकिल हूं।

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